Category: शे’र

बहर : पहली कोशिश

दोस्तो को सलाम, लीजिये हाज़िर है बहर में पहली कोशिश आपकी खिदमत में बहरे-मुतकारिब की मुज़ाहिफ़ शक़्ल फ़ैलुऩ मेरे दिल के हर जर्रे में एक नाम ठहर जाता है 22… Read more »

मेरी हीर है तू

रोज ख्वाब में आती है वही तस्वीर है तू अच्छी बुरी जो भी हो मेरी तकदीर है तू मौहब्बत क्या बताऊँ खुद लिखकर तुझे यकीनन मैं तेरा रांझा और मेरी… Read more »

दिल की खबर है

​इस दिल को किसी दिल की खबर है मियां उस दिल में इस दिल का घर है सूरत नहीं देखी तस्वीर बड़ी मैली थी दरअसल मालूम है , वो दिल… Read more »

तुझे मांग लूँ मैं

​तुझे मांग लूँ मैं, जो खुदा से मुलाक़ात हो जाए ख़ामोशी भी मंजूर है , जो तुझसे बात हो जाए यकीनन ये मौहब्बत मुकाम को हासिल करेगी जो एक दफा… Read more »

खत नामंजूर हुआ है

​भला ऐसा हुआ है कभी लहरें समन्दर से नाता तोड़ लें यकीनन मेरी सिफारिशों का कोई खत नामंजूर हुआ है #गुनी…

नजर मिल गयी

​एक दफा हमारी, उनसे कहीं नजर मिल गयी यूँ मानिये हमें सारे जहां की खबर मिल गयी जब निकलता है गुनी चाँद के साथ अकसर लोग पूछ लेते हैं ये… Read more »

नजर मिल गयी

एक दफा हमारी, उनसे कहीं नजर मिल गयी यूँ मानिये हमें सारे जहां की खबर मिल गयी #गुनी…